July 25, 2006

इर्र्शाद ..

July 25, 2006 Posted by Vijay , 2 comments
उड़ चला में हवाओं में ..
उड़ चला में हवाओं में ..

दूर गगन कि छाँव में,
मेरी निगाहों कि पनाह में,
बसा ले अपने दिल कि सलाखों में।
हमें भी अपना लो तुम्हारी निगाहों में,
ना होगी कमी वफाओं में।
तेरी याद लिए आंखों में।

उड़ चला में हवाओं में ..
उड़ चला में हवाऊँ में ..

2 comments:

Sujatha said...

Vijay, thanks for leaving a comment on my blog. Is your profile photo from Choki Dani in Jaipur?

Sujatha said...

I was there in April and the head dress and the char poy looked familiar. Did you have dinner in their dining hall?